गारे पेलमा सेक्टर-1 कोयला खदान परियोजना को लेकर प्रस्तावित जनसुनवाई को जिंदल पावर द्वारा फिलहाल वापस ले लिया गया है। कंपनी ने यह निर्णय क्षेत्र में उत्पन्न तनावपूर्ण हालात और हालिया हिंसक घटनाओं को देखते हुए लिया है।

जिंदल पावर द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, 8 दिसंबर 2025 को प्रस्तावित जनसुनवाई के संबंध में 12 दिसंबर से कुछ ग्रामवासियों द्वारा धरना-प्रदर्शन किया जा रहा था। इस दौरान 27 दिसंबर 2025 को स्थिति उस समय बिगड़ गई, जब बड़ी संख्या में लोगों ने पुलिस बल और कंपनी के कर्मचारियों पर जानलेवा हमला किया। इस घटना में कई लोग गंभीर रूप से घायल हुए।
इतना ही नहीं, उपद्रवियों द्वारा कंपनी के कोल हैंडलिंग प्लांट में आगजनी की घटना को भी अंजाम दिया गया, जिससे जिंदल पावर को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा।
घटना के बाद कलेक्टर रायगढ़ द्वारा 28 दिसंबर 2025 को जनसुनवाई निरस्त करने के संबंध में पत्र जारी किया गया। कंपनी ने प्रशासन के निर्णय का सम्मान करते हुए जनसुनवाई के आवेदन को वापस लेने का फैसला किया है।
जिंदल पावर ने स्पष्ट किया है कि कंपनी हमेशा जनभावनाओं का सम्मान करती रही है। जब तक इस परियोजना को लेकर ग्रामवासियों का समर्थन प्राप्त नहीं होगा, तब तक कंपनी इस दिशा में कोई आगे की कार्रवाई नहीं करेगी। भविष्य में यदि परिस्थितियां अनुकूल होती हैं और जनसमर्थन मिलता है, तो जनसुनवाई के लिए पुनः आवेदन प्रस्तुत किया जाएगा।


